राजधानी दिल्ली में मॉनसून की शुरुआत इस बार आफत लेकर आई है। रविवार और सोमवार को हुई लगातार बारिश ने शहर की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। कई इलाकों में जलभराव हो गया जिससे वाहन चालकों को घंटों ट्रैफिक जाम में फँसा रहना पड़ा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार के लिए येलो अलर्ट जारी किया है और अगले कुछ दिनों तक इसी तरह के मौसम की संभावना जताई है।
बारिश के चलते दिल्ली का अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब 5 डिग्री कम है। न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री रहा। मौसम विभाग के अनुसार मॉनसून इस बार दो दिन देरी से 29 जून को दिल्ली पहुँचा, जबकि आम तौर पर यह 27 जून तक आ जाता है। खास बात यह रही कि इस साल मॉनसून ने पूरे देश को अपनी गिरफ्त में औसतन समय से 9 दिन पहले ही ले लिया।
बारिश की वजह से दिल्ली के कई निचले इलाके जलमग्न हो गए। मिंटो ब्रिज, करावल नगर, द्वारका, शेख सराय, राजौरी गार्डन जैसे इलाकों में पानी भरने से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी। कई जगह सड़कों पर वाहन बंद हो गए, जिसकी वजह से लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस को कई स्थानों पर अतिरिक्त फोर्स लगानी पड़ी ताकि यातायात को संभाला जा सके।
दिल्ली नगर निगम (MCD) और लोक निर्माण विभाग (PWD) ने दावा किया है कि बारिश से निपटने के लिए सभी तैयारियाँ पूरी हैं। अधिकारियों के मुताबिक 800 बड़े नालों से अब तक 1.56 लाख मीट्रिक टन सिल्ट हटाई जा चुकी है, जो तय लक्ष्य से भी करीब 26% ज्यादा है। इसके अलावा 24 घंटे कंट्रोल रूम से मॉनसून की निगरानी की जा रही है।
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 3 से 5 दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश होती रहेगी और कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ तेज बारिश भी हो सकती है। IMD ने उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, बिहार और पूर्वोत्तर राज्यों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया है, जहाँ भारी बारिश, भूस्खलन और बादल फटने की घटनाएँ हो सकती हैं।
विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि बारिश के दौरान जलभराव वाली सड़कों से बचें और सावधानी के साथ वाहन चलाएँ। घरों की छतों और नालियों को साफ रखें ताकि पानी जमा न हो। मौसम से जुड़ी ताजा जानकारी के लिए लोग IMD की वेबसाइट या मोबाइल ऐप से अपडेट लेते रहें।


