नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी और आसपास के इलाकों (Noida, Gurugram, Ghaziabad) में आज प्रदूषण ने सारे रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। कड़ाके की ठंड और हवा की धीमी रफ्तार ने मिलकर प्रदूषण के कणों (PM 2.5) को जमीन के करीब लॉक कर दिया है, जिससे विजिबिलिटी शून्य के करीब पहुंच गई है और सांस लेना दूभर हो गया है।
AQI के आंकड़े: ‘बहुत खराब’ से ‘खतरनाक’ की ओर
आज सुबह दिल्ली के कई हॉटस्पॉट्स पर Air Quality Index (AQI) ने 450 के आंकड़े को पार कर लिया, जो ‘Severe+’ यानी ‘खतरनाक’ श्रेणी में आता है।
गुरुग्राम (विकास सदन): 395
आनंद विहार: 485 (सबसे प्रदूषित इलाका)
बवाना और मुंडका: 470+
नोएडा सेक्टर-62: 410
विजिबिलिटी जीरो: सड़कों पर रेंगती जिंदगी
सुबह 5 बजे से 9 बजे के बीच पालम और सफदरजंग एयरपोर्ट के पास विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम दर्ज की गई।
- यातायात पर असर: एक्सप्रेसवे पर गाड़ियों की हेडलाइट्स जलने के बावजूद रफ्तार 20-30 किमी प्रति घंटा सिमट गई।
- फ्लाइट और ट्रेन: धुंध के कारण दिल्ली आने वाली लगभग 15 से ज्यादा ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जबकि कई उड़ानों के रूट डायवर्ट किए गए हैं।
पॉल्यूशन बम’ फटने के 3 बड़े कारण
- तापमान में गिरावट: कड़ाके की सर्दी की वजह से हवा भारी हो गई है, जिससे धुआं ऊपर नहीं उड़ पा रहा।
- हवा की थमी रफ्तार: हवा की गति 5 किमी/घंटा से भी कम होने के कारण प्रदूषक तत्व एक ही जगह जमे हुए हैं।
- लोकल सोर्सेज: कंस्ट्रक्शन डस्ट और गाड़ियों से निकलने वाला धुआं इस धुंध को और ज्यादा जहरीला बना रहा है।
स्वास्थ्य चेतावनी: घर में रहना ही बेहतर
डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि यह हवा केवल बीमारों के लिए ही नहीं, बल्कि स्वस्थ लोगों के लिए भी जानलेवा है।
- खतरा: अस्थमा के मरीजों को सांस लेने में दिक्कत, आंखों में जलन और गले में खराश की शिकायतें अस्पतालों में 30% बढ़ गई हैं।
- सलाह: सुबह की सैर (Morning Walk) से बचें और अगर बाहर निकलना जरूरी हो, तो केवल N95 मास्क का ही प्रयोग करें।
GRAP-4 की आहट?
सरकार ने फिलहाल GRAP (Graded Response Action Plan) के कड़े चरण लागू कर दिए हैं। अगर स्थिति अगले 24 घंटों में नहीं सुधरी, तो ट्रकों की एंट्री और कंस्ट्रक्शन पर पूरी तरह पाबंदी के साथ-साथ स्कूलों को ऑनलाइन मोड पर शिफ्ट करने का फैसला लिया जा सकता है।
आज का फैक्ट: दिल्ली की हवा में आज PM 2.5 का स्तर सामान्य से 30 गुना ज्यादा है। यह एक दिन में 20 सिगरेट पीने के बराबर फेफड़ों को नुकसान पहुंचा रहा है।


